आजकल कुमाऊं और गढ़वाल के बॉर्डर में स्थित महाकाली मंदिर में सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखते हुए सैकड़ों श्रद्धालु दर्शन करने आ रहे हैं। क्योंकि कोरोना महामारी के कारण शहरों से पलायन हुआ है और बहुत सारे क्षेत्रवासी अपने गांवों को वापस चले गए हैं शहरों के भीड़-भाड़ और तनाव भरी जिंदगी से सुकून पाने के लिए दूरदराज से भक्तजन मन्नत लेने के लिए तथा मन्नत पूरी होने के बाद अपनी कुलदेवी माता रानी के सुंदर प्रांगण में दर्शन करने जा रहे हैं और वहां जाकर हृदय से प्रार्थना कर रहे हैं कि माता रानी हमें सद्बुद्धि दें, पाप कर्म व महामारी से बचाएं और आशीर्वाद देकर पूरे विश्व को आरोग्य प्रदान करें।
अतः जो भक्त देश परदेश हैं माता रानी के दर्शनों के अभिलाषी हैं वे कुछ समय निकालकर आंख बंद करलें और मन ही मन में माता रानी का सुमिरन करते रहें, ऐसा लगातार करने से हमारा मन , मस्तिष्क और आत्मा का ईश्वर से सहयोग होता है और साक्षात दर्शन भी होते हैं तब हमें सुख, शांति, आनंद, आशीर्वाद स्वत: ही मिल जाता है। इसे भक्ति योग कहते हैं।
धन्यवाद!
लेखक: योग गुरु नरेश सिंह
गांव: तिमला खोली।

